जसवंत प्रदर्शनी मेला संघर्ष समिति की हुई बैठक

manudev sinsini

भरतपुर। जसवंत प्रदर्शनी मेला संघर्ष समिति की बैठक महाराजा सूरजमल चौराहा स्थित पार्क में जिला जाट महासभा के अध्यक्ष प्रेम सिंह कुंतल के मुख्य आतिथ्य में हुई इस अवसर पर संघर्ष समिति अध्यक्ष Manudev Sinsini ने बताया कि आज की बैठक नुमाइश मैदान को मुक्त कर वापस पशुपालन विभाग को देने हेतु आगे की रणनीति तय करने के उद्देश्य से रखी गई है।इसके लिए आमजन को साथ लेकर आंदोलन को विकराल रूप देना है ताकि हम सबकी इस साझा विरासत को बचाया जा सके। बैठक में सोनू चौहान ने सुझाव दिया कि व्यापारी बंधुओ व आमजन को साथ लेने के लिए बाजार से रैली निकालनी चाहिए जिसका सभी उपस्थित सदस्यों ने स्वागत किया। इसी संबंध में जल्दी ही एक प्रतिनिधिमंडल व्यापार महासंघ से मुलाकात करेगा। बशीर झूलेवाला ने कहा कि हमारी लड़ाई केवल इस साल मेला लगाने तक सीमित नहीं है बल्कि हमारी मांग है कि मेला ग्राउंड को मुक्त कर वापस पशुपालन विभाग को दिया जाए। Manudev Sinsini ने बताया कि किसी भी शहरवासी को वेटनरी कॉलेज से आपत्ति नहीं लेकिन ऐतिहासिक धरोहर को समाप्त करने के पक्ष में कोई भी व्यक्ति नही। शहरवासियों का हक है कि उन्हें साफ शुद्ध वायु मिले जबकि हीरादास के आसपास कहीं मैदान या खुला स्थल तक नही। जाने क्यों मंत्री सुभाष गर्ग इसे भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ाकर आमजन को शुद्ध वायु से वंचित करना चाहते हैं। इस मेले से लोगो को रोजगार व आमजन को सुविधा का सामान मिलता है साथ ही साथ भारतीय सांस्कृतिक परंपराओं का भी संरक्षण होता है।वहीं डाॅक्टर प्रेम सिंह कुंतल ने कहा जब गढ़ी सांवलदास के महंत जमीन देने को तैयार हैं तो ऐसी क्या मजबूरी है कि शहर के बीचोबीच और भीड़ भड़क्का किया जाए। अस्पताल के लिए पशुओं आदि के बाड़े भी बनाए जायेंगे जिसके लिए गढ़ी सांवलदास में काफी जमीन है जिसे आगे क्रमोन्नत कर यूनिवर्सिटी भी बनाई जा सकती है। जिला जाट महासभा की ओर से समिति को समर्थन दिया। इस अवसर पर समाजसेवी यश अग्रवाल ने कहा कि महाराजा जसवंत सिंह प्रदर्शनी ऐतिहासिक धरोहर है और सरकार को चाहिए कि इसे संरक्षित करे। आमजन और व्यापारी इससे आर्थिक ही नही भावनात्मक लगाव भी रखते हैं। इस बार चुनाव होने और जनता के दवाब के चलते मेला लगेगा लेकिन अगली बार से कोई भी इसकी जिम्मेदारी लेने को तैयार नहीं होगा। ऐसे में इस भूमि को बचाए रखना आवश्यक है। बैठक में समाजसेवी चंदू नगला बोहरा, अभिलेख दहवा, आकाश आजऊ, राजेश ओरैया खजला वाले, आलोक, विक्की बंसल, राहुल बछामदी, धन्ना, योगेश चाट वाला आदि सहित अनेक व्यापारी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।